शिक्षण कक्षाओं का मुख्य उद्देश्य शिक्षण में पिछड़े विद्यार्थियों को मुख्यधारा में लाना है

भीलवाड़ा समाचार 
आकोला (रमेश चंद्र डाड)सुप्रीम फाउन्डेशन जसवंतगढ़ द्वारा संस्कृत उन्नयन योजना के तहत राजकीय वरिष्ठ उपाध्याय संस्कृत विद्यालय खजीना  में ग्रीष्मकालीन अवकाश के दौरान विद्यालय में चल रहे उपचारात्मक शिक्षण कक्षाओं का संचालन है हरि लाल जोशी द्वारा किया जा रहा है अध्यापक प्रेमचंद शर्मा द्वारा बताया गया कि आज विद्यालय में जिला समन्वयक महोदय रविन्द्र कुमार शर्मा द्वारा औचिक निरीक्षण किया गया जिसमें सभी बच्चों की कक्षाएं लगातार आयोजित हो रही है इससे विशेष शिक्षण कक्षाओं का मुख्य उद्देश्य शिक्षण में पिछड़े विद्यार्थियों को मुख्यधारा में लाना और उनके शैक्षणिक स्तर में सुधार करना है इस अवसर पर संस्था प्रधान महोदय भवानी शंकर शर्मा ने मुख्य समन्वयक महोदय श्यामबाबू शर्मा का धन्यवाद ज्ञापित किया और बताया गया कि विद्यालय में भौतिक संसाधनों की पूर्ति करने में भी सहयोग मिलता रहता है वर्तमान में भीलवाड़ा और शाहपुरा जिले में 457 बच्चों को रेमेडियल कोर्स (उपचारात्मक शिक्षण) का लाभ मिल रहा है और दोनों जिलों में फाउंडेशन द्वारा 24 अध्यापक और 15 विद्यालय में संचालित किया जा रहा है लाभांवित सभी छात्र छात्राओं को शिक्षण सामग्री सुप्रीम फाउन्डेशन द्वारा प्रदत्त की गई है  साथ में डिजिटल बोर्ड से भी कक्षाओ का संचालन किया जा रहा है डिजिटल  शिक्षा से  खेल खेल में सीखे जिससे रुचि बनी रहती है बिना किसी बाधा के निरंतर अध्ययन कर सके ग्रामवासी और विद्यालय परिवार द्वारा सुप्रीम फाउन्डेशन के मुख्य ट्रस्टी महावीर प्रसाद तापड़िया का सहृदय धन्यवाद किया एवं मुख्य समन्वयक महोदय श्यामबाबू शर्मा का आभार व्यक्त किया जिनके कुशल मार्गदर्शन से यह शिक्षा सेतु कार्य निरंतर आगे बढ़ रहा है।